नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया वीडियो संदेश को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस ने कहा कि जिस समय देश प्रधानमंत्री से माफी की अपेक्षा कर रहा है, उस समय उन्होंने “देश को ही माफ कर दिया।” पार्टी ने प्रधानमंत्री के उस बयान पर सवाल उठाए, जिसमें उन्होंने जंतर मंतर पर NEET पेपर लीक विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने वाले युवाओं को “गुमराह बच्चे” बताते हुए उन्हें माफ करने की बात कही थी।
क्या कहा था प्रधानमंत्री मोदी ने?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंस्टाग्राम पर जारी अपने वीडियो संदेश में कहा कि जंतर मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान उनके और उनकी दिवंगत मां के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि ऐसी भाषा स्वीकार्य नहीं है, लेकिन इन युवाओं को दंडित करने के बजाय सही मार्ग दिखाने की जरूरत है। उन्होंने उन्हें “गुमराह बच्चे” बताते हुए माफ करने की बात कही।
कांग्रेस ने साधा निशाना
कांग्रेस ने प्रधानमंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि देश उनसे जवाब और माफी की मांग कर रहा है, लेकिन उन्होंने इसके बजाय खुद को पीड़ित के रूप में प्रस्तुत करने का प्रयास किया। पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों के मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है।
NEET विवाद बना सियासी मुद्दा
NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच लगातार टकराव जारी है। विपक्ष परीक्षा प्रणाली में कथित खामियों, छात्रों के आंदोलन और पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर हमलावर है, जबकि सरकार का कहना है कि उसने एंटी पेपर लीक कानून, फास्ट ट्रैक अदालतों और जांच एजेंसियों की कार्रवाई जैसे कई सख्त कदम उठाए हैं।
सोशल मीडिया पर भी छिड़ी बहस
प्रधानमंत्री के वीडियो संदेश के बाद सोशल मीडिया पर भी तीखी बहस देखने को मिली। एक पक्ष ने इसे मेल-मिलाप और संयम का संदेश बताया, जबकि विपक्षी दलों ने इसे राजनीतिक प्रतिक्रिया करार दिया। इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक बयानबाजी लगातार तेज होती जा रही है।
राजनीतिक माहौल गर्म
छात्र आंदोलन, NEET पेपर लीक और प्रधानमंत्री के बयान को लेकर राजनीतिक माहौल लगातार गर्म बना हुआ है। आने वाले दिनों में संसद और सार्वजनिक मंचों पर इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच और तीखी बहस देखने को मिल सकती है।