’24 घंटे में धर्मेंद्र प्रधान को हटाइए’, CJP की केंद्र सरकार को चेतावनी; NEET आंदोलन तेज करने का ऐलान

0
155174478

नई दिल्ली। NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर जारी छात्र आंदोलन के बीच कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने केंद्र सरकार को कड़ा संदेश देते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को 24 घंटे के भीतर पद से हटाने की मांग दोहराई है। संगठन ने कहा कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्रवाई नहीं हुई, तो देशभर में आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। सरकार और CJP के बीच बातचीत के कई दौर हो चुके हैं, लेकिन शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के मुद्दे पर अब भी सहमति नहीं बन सकी है।

शिक्षा मंत्री के इस्तीफे पर अड़ा संगठन

CJP नेताओं का कहना है कि पेपर लीक मामले में केवल सुधारों की घोषणा पर्याप्त नहीं है। उनका आरोप है कि परीक्षा प्रणाली में हुई कथित विफलताओं की नैतिक जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। इसी कारण संगठन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर कायम है।

सरकार से बातचीत जारी

केंद्र सरकार और CJP के प्रतिनिधियों के बीच आंदोलन समाप्त कराने को लेकर कई दौर की बातचीत हुई है। हालांकि सरकार ने आंदोलनकारियों की कुछ मांगों पर चर्चा की इच्छा जताई है, लेकिन शिक्षा मंत्री को हटाने की मांग स्वीकार नहीं की गई है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, फिलहाल धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है।

आंदोलन तेज करने की चेतावनी

CJP ने कहा है कि यदि सरकार निर्धारित समय के भीतर उनकी प्रमुख मांगों पर निर्णय नहीं लेती, तो दिल्ली सहित कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन और तेज किए जाएंगे। संगठन का कहना है कि यह आंदोलन केवल NEET तक सीमित नहीं है, बल्कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग का अभियान है।

सरकार ने सुधारों का दिया भरोसा

इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का ऐलान किया है। सरकार का कहना है कि छात्रों के भविष्य की रक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए कई सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं।

गतिरोध बरकरार

छात्र आंदोलन और सरकार के बीच संवाद जारी रहने के बावजूद सबसे बड़ा विवाद शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर बना हुआ है। अब सभी की नजर सरकार और आंदोलनकारी संगठन के अगले कदम पर है, जिससे यह तय होगा कि बातचीत से समाधान निकलता है या आंदोलन आगे और तेज होता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

ये समाचार भी पढ़ें :