अयोध्या राम मंदिर दान घोटाला: जांच का दायरा बढ़ा, 30 और कर्मचारी रडार पर; SIT ने तेज की पड़ताल
अयोध्या। अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में श्रद्धालुओं के दान में कथित गड़बड़ी के मामले की जांच लगातार गहराती जा रही है। अब तक आठ लोगों की गिरफ्तारी के बाद विशेष जांच दल (SIT) ने करीब 30 और कर्मचारियों एवं दान गिनती प्रक्रिया से जुड़े लोगों को जांच के दायरे में लिया है। जांच एजेंसियां इन कर्मचारियों की भूमिका, नियुक्ति प्रक्रिया, बैंकिंग लेनदेन और दान की गिनती से जुड़े रिकॉर्ड की गहन पड़ताल कर रही हैं।
कई कर्मचारियों से हो सकती है पूछताछ
सूत्रों के अनुसार, जांच टीम उन कर्मचारियों की भूमिका की जांच कर रही है, जो दान पेटियों से नकदी निकालने, नोटों की छंटाई, गिनती और रिकॉर्ड तैयार करने की प्रक्रिया से जुड़े थे। पुलिस और SIT यह पता लगाने में जुटी है कि क्या कथित गड़बड़ी केवल गिरफ्तार आरोपियों तक सीमित थी या इसमें अन्य लोगों की भी भूमिका रही है।
अब तक आठ आरोपी गिरफ्तार
इस मामले में अब तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच के दौरान कथित तौर पर लाखों रुपये की नकदी भी बरामद की गई है। पुलिस का दावा है कि दान राशि के गबन से जुड़े कई अहम डिजिटल और वित्तीय साक्ष्य भी जांच एजेंसियों के हाथ लगे हैं।
CCTV फुटेज और वित्तीय रिकॉर्ड की जांच
SIT पिछले कई दिनों से मंदिर परिसर की सीसीटीवी फुटेज, बैंक रिकॉर्ड, नकदी गिनती के दस्तावेज और कर्मचारियों की नियुक्ति से जुड़े अभिलेखों का मिलान कर रही है। जांच का उद्देश्य यह पता लगाना है कि कथित वित्तीय अनियमितता किस स्तर तक फैली थी और सुरक्षा व्यवस्था में कहां चूक हुई।
SIT ने मांगा अतिरिक्त समय
मामले की संवेदनशीलता और जांच के बढ़ते दायरे को देखते हुए विशेष जांच दल ने उत्तर प्रदेश सरकार से अपनी जांच पूरी करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा है। अधिकारियों का कहना है कि कई दस्तावेजों, बैंकिंग लेनदेन और गवाहों के बयान अभी भी जांच के दायरे में हैं, इसलिए अंतिम रिपोर्ट तैयार करने में अधिक समय लगेगा।
पारदर्शिता बढ़ाने पर होगा जोर
सूत्रों के मुताबिक, जांच पूरी होने के बाद SIT मंदिर में दान प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी एवं सुरक्षित बनाने के लिए सुझाव भी दे सकती है। इनमें नकदी प्रबंधन, निगरानी व्यवस्था, कर्मचारियों के सत्यापन और ऑडिट प्रणाली को मजबूत करने जैसे उपाय शामिल हो सकते हैं।
श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा मामला
राम मंदिर में दान से जुड़ा यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासन का कहना है कि जांच निष्पक्ष और तथ्यों के आधार पर की जा रही है तथा दोषी पाए जाने वाले सभी लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं श्रद्धालुओं और विभिन्न धार्मिक संगठनों ने भी दान प्रबंधन प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की है।
