राम मंदिर चढ़ावा मामले में मुख्यमंत्री योगी का बड़ा बयान, बोले, “सच्चाई सामने लाएगी SIT”, विपक्ष पर भी साधा निशाना
लखनऊ। अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले में कार्रवाई के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहली बार सार्वजनिक प्रतिक्रिया दी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करा रही है और विशेष जांच दल (SIT) सच्चाई को सामने लाकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राम मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। यदि किसी ने श्रद्धालुओं के विश्वास के साथ खिलवाड़ किया है, तो उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता निष्पक्ष जांच और दोषियों को कानून के दायरे में लाना है।
विपक्ष पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने बिना किसी दल का नाम लिए विपक्ष पर भी हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल इस संवेदनशील मामले का राजनीतिक लाभ उठाने का प्रयास कर रहे हैं। योगी ने कहा कि जांच पूरी होने से पहले भ्रम फैलाना उचित नहीं है और सभी को जांच एजेंसियों को अपना काम करने देना चाहिए।
आठ आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई FIR
राम मंदिर चढ़ावा मामले में एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आठ लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। आरोपियों पर चढ़ावे की धनराशि में कथित गड़बड़ी, आपराधिक विश्वासघात, धोखाधड़ी और साजिश सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। जांच एजेंसियां बैंक रिकॉर्ड, नकद लेनदेन और अन्य वित्तीय दस्तावेजों की भी जांच कर रही हैं।
जांच जारी, रिपोर्ट का इंतजार
राज्य सरकार द्वारा गठित एसआईटी पहले ही अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट सरकार को सौंप चुकी है। अब विस्तृत जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। सरकार का कहना है कि जांच पूरी तरह पारदर्शी होगी और किसी भी दोषी को कानून से राहत नहीं मिलेगी।
