पंजाब के इस नेशनल हाईवे पर किसानों का बड़ा धरना, 21 अक्टूबर को ट्रैफिक ठप करने की चेतावनी डी.ए.पी. खाद और धान लिफ्टिंग की समस्या को लेकर किसान करेंगे प्रदर्शन
जालंधर: अगर आप जालंधर-लुधियाना नेशनल हाईवे से गुजरने की योजना बना रहे हैं, तो सतर्क हो जाइए। भारतीय किसान यूनियन (राजेवाल) के प्रमुख प्रवक्ता और दोआबा प्रभारी जत्थेदार कश्मीर सिंह जंडियाला ने घोषणा की है कि 21 अक्टूबर को हाईवे पर धरना प्रदर्शन किया जाएगा। यह प्रदर्शन मैकडोनल्ड्स के सामने होगा और किसानों की मांगें पूरी न होने पर हाईवे पर यातायात बाधित किया जाएगा।
धरने का कारण:
किसानों का कहना है कि मंडियों में धान की लिफ्टिंग न होने और डी.ए.पी. खाद की अनुपलब्धता ने उनकी मुश्किलें बढ़ा दी हैं। 3 दिन पहले किसानों ने जालंधर के डिप्टी कमिश्नर हिमांशु अग्रवाल को मांग पत्र सौंपा था, जिसमें इन मुद्दों को हल करने की अपील की गई थी। लेकिन सरकार की तरफ से कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया।
जंडियाला ने यह भी बताया कि डी.ए.पी. खाद की अनियमितता को लेकर कृषि अधिकारियों की विजिलेंस जांच कराने की मांग की गई है। किसानों का आरोप है कि डी.ए.पी. खाद की कमी के चलते दोआबा क्षेत्र के किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है।
क्या होगा असर?
- 21 अक्टूबर को जालंधर-लुधियाना हाईवे पर धरना होने से यातायात पूरी तरह बाधित हो सकता है।
- इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान शामिल होंगे, जिससे यातायात पर व्यापक असर पड़ने की संभावना है।
