आसिम वकार ने छोड़ी ओवैसी की AIMIM, कांग्रेस में हुए शामिल, यूपी चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल
लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले राज्य की राजनीति में एक बड़ा सियासी घटनाक्रम सामने आया है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन यानी AIMIM के राष्ट्रीय प्रवक्ता रहे आसिम वकार कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय इंदिरा भवन में उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय, यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम और कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के चेयरमैन इमरान प्रतापगढ़ी की मौजूदगी में उन्होंने पार्टी की सदस्यता ली।
AIMIM छोड़ने की बताई वजह
कांग्रेस में शामिल होने के बाद आसिम वकार ने AIMIM छोड़ने की वजह भी बताई। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य बीजेपी को सत्ता से हटाना और देश में धर्मनिरपेक्ष सरकार बनाना है। वकार के अनुसार, AIMIM में रहते हुए उन्हें लगा कि पार्टी बीजेपी के खिलाफ लड़ाई की बात करती है, लेकिन जमीन पर कांग्रेस और दूसरे विपक्षी दलों को निशाना बनाया जाता है।
वकार ने कहा कि बीजेपी के खिलाफ वास्तविक राजनीतिक लड़ाई कांग्रेस और राहुल गांधी लड़ रहे हैं। इसी सोच के कारण उन्होंने कांग्रेस में शामिल होने का फैसला लिया।
राजनीतिक सफर में सपा से AIMIM तक पहुंचे थे वकार
आसिम वकार लंबे समय से उत्तर प्रदेश की राजनीति में सक्रिय रहे हैं। AIMIM से पहले वह करीब 20 साल समाजवादी पार्टी की राजनीति में रहे। कांग्रेस में शामिल होने के दौरान उन्होंने कहा कि वह टिकट की उम्मीद लेकर पार्टी में नहीं आए हैं। उन्होंने अपने पुराने राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए कहा कि अखिलेश यादव के साथ रहते हुए उन्होंने कभी ट्रांसफर या पोस्टिंग जैसी किसी सिफारिश के लिए दबाव नहीं बनाया।
कांग्रेस ने बताया मजबूत राजनीतिक जुड़ाव
आसिम वकार के कांग्रेस में शामिल होने पर यूपी कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि देश में लोकतंत्र की रक्षा और सभी वर्गों के अधिकारों के लिए आंदोलन चल रहा है। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी से प्रभावित होकर वकार कांग्रेस में आए हैं।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने भी वकार के पार्टी में शामिल होने का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लंबे समय से इस दिन का इंतजार कर रही थी। अजय राय ने वकार को मजबूत व्यक्ति बताते हुए उनकी राजनीतिक संवाद क्षमता की तारीफ की।
2027 चुनाव से पहले AIMIM को झटका
आसिम वकार का कांग्रेस में जाना AIMIM और असदुद्दीन ओवैसी के लिए उत्तर प्रदेश में राजनीतिक झटके के रूप में देखा जा रहा है। 2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए AIMIM राज्य में अपनी राजनीतिक पकड़ बढ़ाने की कोशिश कर रही है। ऐसे समय में पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता का कांग्रेस में जाना विपक्षी राजनीति में नए समीकरणों की चर्चा को तेज करता है।
वकार ने लगाए गंभीर आरोप
कांग्रेस में शामिल होने के बाद वकार ने पश्चिम बंगाल के नेता हुमायूं कबीर से जुड़े आरोपों का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने पहले कबीर को बीजेपी का एजेंट बताया था और एक कथित स्टिंग ऑपरेशन में 1100 करोड़ रुपये मिलने की बात सामने आने का दावा किया। वकार ने कहा कि कांग्रेस की सरकार केंद्र में आने पर इस मामले की जांच कराई जाएगी।
आसिम वकार का कांग्रेस में शामिल होना ऐसे समय हुआ है जब उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियां तेज हो रही हैं। इस राजनीतिक बदलाव का असर विपक्षी दलों की रणनीति और मुस्लिम मतदाताओं के बीच राजनीतिक समीकरणों पर कितना पड़ेगा, यह आने वाले समय में सामने आएगा।
