सख्ती: तीन घंटे में हटाना होगा आपत्तिजनक AI कंटेंट
सरकार का बड़ा कदम, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की जवाबदेही तय
नई दिल्ली: कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) तकनीक के तेजी से बढ़ते उपयोग के बीच केंद्र सरकार ने डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अब किसी भी सोशल मीडिया या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर यदि एआई से तैयार किया गया आपत्तिजनक, भ्रामक या समाज में तनाव पैदा करने वाला कंटेंट पाया जाता है, तो उसे शिकायत मिलने के तीन घंटे के भीतर हटाना अनिवार्य होगा।
सरकार का मानना है कि डीपफेक वीडियो, मॉर्फ्ड तस्वीरें और भ्रामक सूचनाएं लोकतांत्रिक व्यवस्था, सामाजिक सौहार्द और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकती हैं। हाल के महीनों में कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां एआई तकनीक का दुरुपयोग कर झूठी खबरें और फर्जी वीडियो वायरल किए गए।
सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यदि प्लेटफॉर्म समय सीमा में कार्रवाई नहीं करते हैं तो उन पर आईटी एक्ट के तहत जुर्माना या अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम डिजिटल स्पेस को अधिक सुरक्षित और जिम्मेदार बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
