पंजाब के पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु की बढ़ीं मुश्किलें, 2000 करोड़ के घोटाले में कोर्ट ने भेजा सम्मन ट्रांसपोर्ट टेंडर घोटाले में 29 अन्य आरोपी भी शामिल, दिवाली जेल में मनाने की संभावना
लुधियाना : पंजाब के पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु की परेशानियां कम होने का नाम नहीं ले रहीं। 2000 करोड़ रुपये के ट्रांसपोर्ट टेंडर घोटाले में कोर्ट ने 29 अन्य आरोपियों को सम्मन भेजा है। यह आदेश पीएमएलए जालंधर के स्पेशल जज डी.पी. सिंगला द्वारा पारित किए गए।
क्या है मामला?
2017 से 2022 तक पंजाब में कांग्रेस सरकार के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रहे भारत भूषण आशु पर टेंडर आवंटन में करोड़ों रुपये के घोटाले का आरोप है। इस मामले में पहले विजिलेंस ब्यूरो ने जांच कर दस्तावेज कोर्ट में जमा किए थे। बाद में, एन्फोर्समेंट डायरेक्टरेट (ईडी) ने अपनी जांच शुरू की और आशु को मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में इस वर्ष अगस्त में गिरफ्तार किया।
ईडी द्वारा 19 तारीख को चार्जशीट दाखिल करने के बाद कोर्ट ने सम्मन जारी किए हैं। आरोपियों में प्रमुख नाम राजदीप सिंह, मीनू मल्होत्रा, आर.के. सिंगला, और पंकज मल्होत्रा शामिल हैं।
बढ़ सकती हैं मुश्किलें
आशु की बेल अब और मुश्किल हो सकती है। सूत्रों के अनुसार, दिवाली जेल में ही बिताने की संभावना है। ईडी द्वारा नए सबूत जुटाने और अन्य दोषियों से पूछताछ के बाद गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।
पिछली कार्रवाई
ईडी ने पिछले वर्ष आशु और उनके सहयोगियों के ठिकानों पर छापेमारी की थी। इस साल, उन्हें गिरफ्तार करने के बाद अब घोटाले से जुड़े अन्य आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी गई है।
