चारधाम यात्रा के लिए बाहरी राज्यों के श्रद्धालुओं पर रोक की मांग, आर्यन छात्र संगठन ने सीएम को सौपा ज्ञापन
देहरादून। आर्यन छात्र संगठन उत्तराखंड ने चारधाम यात्रा के लिए बाहरी राज्यों के श्रद्धालुओं को अनुमति दिये जाना ने पर विरोध प्रकट किया। जिसे लेकर आर्यन छात्र संगठन के पदाधिकारी हाथ पर काली पट्टी बांधकर प्रदेशभर में विरोध जता रहे हैं। इसके साथ ही संगठन ने आहृवान किया है कि अगर सरकार उनकी मांग को गंभीरता से नहीं लेती है तो वह रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे पर कुंड में चक्काजाम का अपना विरोध व्यक्त करेंगे।
मंगलवार को आर्यन छात्र संगठन के प्रदेश महासचिव सतीश मोहन पंत लाली के नेतृत्व में एक दर्जन कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी देहरादून के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत को ज्ञापन प्रेषित किया। इस मौके पर संगठन के पदाधिकारियों ने एक स्वर में कहा कि पहले ही केदारनाथ के तीर्थ पुरोहितों ने सरकार के इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। प्रदेश महासचिव सतीश मोहन पंत ने कहा कि देवस्थानम बोर्ड द्वारा केदारनाथ धाम में तीर्थपुरोहितों के यात्रा न खोलने की सलाह को दरकिनार कर 800 श्रद्धालुओं को प्रतिदिन यात्रा करवाने के आदेश का आर्यन छात्र संगठन कडा विरोध करता है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने जनता की राय तो ली लेकिन यह मात्र दिखावा था। सतीश पंत ने कहा कि सरकार पहले ही अपना निर्णय ले चुकी थी। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि प्रदेश में कोरोना वायरस कोविड-19 को रोज सैकडों मामले सामने आ रहे है ऐसे में यात्रा शुरू की गयी तो यह प्रदेश के लोगों के लिये घातक होगा। इस मौके पर कपिल चैधरी, सोनू बिष्ट, शूरवीर सिंह चैहान, संदीप कुकरेती, शशांक सती, संजय चंद एवं आशीष रावत आदि मौजूद रहे।
उधर गढवाल मंडल में यात्रा का विरोध कर रहे आर्यन छात्र संगठन के प्रदेश प्रवक्ता रोबिन सिंह रावत ने बताया कि देश में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के बीच प्रदेश सरकार और देवस्थानम बोर्ड द्वारा चारधाम यात्रा पर बाहरी यात्रियों को अनुमति देना सही नहीं हैं। उन्होंने कहा कि केदारनाथ धाम की यात्रा अन्य धामों से विषम है. वहां यात्रा शुरू करने से पहले रहने, खाने व स्वास्थ्य को लेकर व्यवस्थाएं बनाने में भी कई दिन लगते हैं. कोरोना महामारी में यात्रा खोलना सरकार का आपाधापी भरा कदम है, जिस पर पुनर्विचार किया जाना चाहिए। इस मौके पर इस मौके पर लवीश राणा, अंकित राणा, अंजली, रक्षित बगवाड़ी, अभिषेक शुक्ला, नीरज शाह, राखी भट्ट, सौरभ भट्ट आदि थे।
