राष्ट्रपति कोविंद ने राम मंदिर निर्माण के लिए दिया 5 लाख 100 रुपये का चंदा
श्री राम मंदिर निर्माण के लिए आज से चंदा जुटाने के अभियान की शुरुआत हो गई है। इस अभियान की शुरुआत राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से हुई। राष्ट्रपति कोविंद ने राम मंदिर निर्माण के लिए 5 लाख 100 रुपये का चंदा दिया। ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी, VHP कार्याध्यक्ष अलोक कुमार, राममंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा और संघ (RSS) के प्रांत संघचालक श्री कुलभूषण आहूजा आज सुबह 11 बजे राष्ट्रपति से मुलाकात की। इस दौरान राष्ट्रपति कोविंद ने मंदिर निर्माण के लिए ये रकम दी।
विश्व हिंदू परिषद का यह अभियान दो चरणों में 44 दिनों तक चलेगा। पहला चरण 15 से 31 जनवरी तक चलेगा, जिसमें VHP मंदिर निर्माण के लिए देश के प्रतिष्ठित लोगों से चंदा मांगेगी। वहीं दूसरा चरण 1 फरवरी से शुरू होगा और 27 फरवरी को समाप्त होगा, जिसमें देश के आम लोगों से चंदा मांगा जायेगा।
राम मंदिर निर्माण कार्यों से जुड़े लोगों का कहना है कि इसमें विदेशी धन का उपयोग नहीं होगा, यह पूरी तरह से आम लोगों के योगदान से ही बनेगा। यहां तक कि राम जन्मभूमि क्षेत्र ट्रस्ट ने कंपनियों के कारपोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) फंड का इस्तेमाल भी मंदिर निर्माण के लिए नहीं करने का निर्णय लिया है। इसमें आम लोग कूपन से चंदा दे सकेंगे। इसमें 10 रुपये के 4 करोड़ के कूपन होंगे। 100 रुपये के 8 करोड़ कूपन होंगे ओर 1000 रुपये के 12 लाख कूपन होंगे।
श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने पिछले महीने ही इस बात की जानकारी देते हुए कहा था कि देश भर में चलने वाला यह अभियान मकर संक्रांति के पावन पर्व से प्रारम्भ होकर माघ पूर्णिमा तक चलेगा। इसमें पांच लाख से ज्यादा गांवों में बारह करोड़ से ज्यादा परिवारों से संपर्क साधा जाएगा और उनसे चंदा मांगा जाएगा। बता दें कि इससे पहले सोमनाथ मंदिर के जीर्णोद्धार में तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद शामिल हुए थे।
