लोकसभा में पहले ही दिन हंगामा, NEET पेपर लीक और राम मंदिर दान विवाद पर विपक्ष का जोरदार विरोध; कार्यवाही स्थगित
नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र के पहले ही दिन लोकसभा की कार्यवाही हंगामे की भेंट चढ़ गई। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने NEET-UG 2026 पेपर लीक और अयोध्या राम मंदिर दान में कथित गड़बड़ी के मुद्दे पर तत्काल चर्चा की मांग करते हुए जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी। लगातार शोर-शराबे के कारण लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
विपक्ष ने उठाई तत्काल चर्चा की मांग
सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद शोक प्रस्तावों की औपचारिकता पूरी होते ही विपक्षी सांसद अपनी सीटों से खड़े हो गए और NEET परीक्षा में कथित अनियमितताओं तथा राम मंदिर दान प्रकरण पर चर्चा की मांग करने लगे। कांग्रेस सहित कई विपक्षी दलों ने सरकार से इन दोनों मामलों पर जवाब देने की मांग की।
स्पीकर की अपील के बावजूद जारी रही नारेबाजी
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कई बार सदस्यों से अपनी-अपनी सीटों पर लौटने और प्रश्नकाल चलने देने की अपील की, लेकिन विपक्षी सांसदों ने नारेबाजी जारी रखी। सदन में लगातार व्यवधान के चलते अध्यक्ष ने कार्यवाही को दोपहर तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी।
मानसून सत्र में गरमाएंगे कई अहम मुद्दे
विपक्ष ने संकेत दिए हैं कि पूरे मानसून सत्र के दौरान NEET-UG पेपर लीक, राम मंदिर दान विवाद, सोनम वांगचुक के आंदोलन, महंगाई और अन्य जनहित के मुद्दों पर सरकार को घेरा जाएगा। दूसरी ओर सरकार ने अपने विधायी एजेंडे के तहत कई महत्वपूर्ण विधेयकों को सदन में पेश करने की तैयारी की है।
कांग्रेस ने सरकार पर लगाए आरोप
कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार महत्वपूर्ण राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा से बच रही है। वहीं कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने राम मंदिर दान प्रकरण पर चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव का नोटिस भी दिया। विपक्ष का कहना है कि छात्रों और श्रद्धालुओं से जुड़े इन मामलों पर संसद में विस्तृत चर्चा होनी चाहिए।
सत्र के दौरान जारी रह सकता है राजनीतिक टकराव
20 जुलाई से शुरू हुआ संसद का मानसून सत्र 13 अगस्त तक चलेगा। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सरकार के विधायी एजेंडे और विपक्ष के आक्रामक रुख को देखते हुए आने वाले दिनों में संसद के भीतर तीखी बहस और राजनीतिक टकराव देखने को मिल सकता है।
