‘बच्चों के भविष्य के साथ जुआ बंद करें’, NEET सेंटर विवाद पर राहुल गांधी का NTA पर हमला
नई दिल्ली। NEET UG 2026 री-एग्जाम से ठीक पहले राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) एक नए विवाद में घिर गई है। नागपुर के एक अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र के रूप में अबू धाबी आवंटित किए जाने के मामले पर कांग्रेस नेता Rahul Gandhi ने केंद्र सरकार और NTA पर तीखा हमला बोला है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि बच्चों के भविष्य के साथ “जुआ खेलना” बंद किया जाना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि नागपुर का एक छात्र पिछले एक महीने से री-एग्जाम की तैयारी कर रहा था, लेकिन परीक्षा से एक दिन पहले एडमिट कार्ड डाउनलोड करने पर उसे अबू धाबी परीक्षा केंद्र आवंटित मिला। छात्र के पास न तो पासपोर्ट था और न ही विदेश जाने की व्यवस्था।
राहुल गांधी ने सवाल उठाया कि आखिर ऐसी गलती कैसे हो सकती है। उन्होंने कहा कि जो व्यवस्था किसी छात्र को उसके अपने शहर में परीक्षा केंद्र नहीं दे सकती और उसे विदेश का केंद्र आवंटित कर देती है, उसे परीक्षा आयोजित करने का अधिकार नहीं होना चाहिए।
NTA ने दिया स्पष्टीकरण
विवाद बढ़ने के बाद NTA ने कहा कि शिकायत का संज्ञान लिया गया है और मामले का सत्यापन किया जा रहा है। एजेंसी के अनुसार, आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित अभ्यर्थी को नागपुर में ही नया परीक्षा केंद्र आवंटित किया जाएगा।
तकनीकी गड़बड़ी की आशंका
रिपोर्ट्स के अनुसार, संबंधित छात्र ने पंजीकरण के दौरान जिन शहरों को प्राथमिकता दी थी, उनमें अबू धाबी शामिल नहीं था। ऐसे में इस मामले को तकनीकी या प्रशासनिक त्रुटि माना जा रहा है। घटना के बाद परीक्षा प्रबंधन और NTA की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।
री-एग्जाम से पहले बढ़ी चिंता
NEET UG 2026 री-एग्जाम 21 जून को आयोजित किया जाना है। परीक्षा पहले ही पेपर लीक और अन्य विवादों के कारण चर्चा में रही है। ऐसे समय में परीक्षा केंद्र आवंटन की इस गलती ने अभ्यर्थियों और अभिभावकों की चिंताएं बढ़ा दी हैं।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रवेश परीक्षाओं में से एक के संचालन में ऐसी त्रुटियां छात्रों के मानसिक तनाव को बढ़ाती हैं। अब सभी की नजर NTA की व्यवस्थाओं और परीक्षा के सुचारु संचालन पर टिकी है।
